रायपुर के स्टार्टअप ने बनाया “कृषि मित्र” — अब एक ही जगह मिलेंगे हर तरह के कृषि विशेषज्ञ ।
इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय में लगी प्रदर्शनी में दिखा रायपुर के युवा उद्यमी का नवाचार ।
रायपुर/कोरबा (समाचार मित्र) इंदिरा गांधी कृषि विश्वविद्यालय (IGKV) में आयोजित प्रदर्शनी में इन दिनों रायपुर के एक स्टार्टअप “कृषि मित्र” की खासी चर्चा हो रही है। एनआईटी रायपुर में इनक्यूबेटेड इस स्टार्टअप को शुरू करने वाले कोरबा जिले के ग्राम पंचायत फरसवानी के मूल निवासी सौरभ शराफ का कहना है कि उनका मकसद किसानों और कृषि से जुड़े विशेषज्ञों के बीच की दूरी को खत्म करना है।

“कृषि मित्र” एक ऐसा मंच बनाने की तैयारी में है जहां किसान और उपभोक्ता अपनी जरूरत के मुताबिक कृषि विशेषज्ञ ढूंढ सकेंगे — चाहे वह सामान्य फसल सलाहकार हों, बागवानी (हॉर्टिकल्चर) और पुष्प कृषि (फ्लोरीकल्चर) के जानकार हों, टेरेस गार्डनिंग और पॉलीहाउस के विशेषज्ञ हों, औषधीय पौधों की खेती करने वाले हों, या फिर बकरी पालन, मुर्गी पालन, डेयरी, मत्स्य पालन, मधुमक्खी पालन, और मशरूम की खेती जैसे क्षेत्रों के जानकार हों — खेती-किसानी से जुड़ा हर विशेषज्ञ इस मंच पर सूचीबद्ध हो सकेगा।
इसके साथ ही “कृषि मित्र” का मुख्य उत्पाद एक फार्म मैनेजमेंट समाधान है, जो किसानों को फसल की बुवाई से कटाई तक का शेड्यूल बनाने, खेत के संसाधनों का इन्वेंटरी प्रबंधन करने और अपनी पूरी खेती को व्यवस्थित तरीके से संचालित करने में मदद करेगा — साथ ही उन्हें सही विशेषज्ञ से सीधे जोड़ेगा।
सौरभ शराफ बताते हैं, “आज भी ज्यादातर किसान और सलाहकार बिखरे हुए व्हाट्सएप ग्रुप्स के भरोसे काम करते हैं। हम चाहते हैं कि हर विशेषज्ञ को उसकी मेहनत के मुताबिक ज्यादा किसानों तक पहुंच मिले, और हर किसान को सही सलाह एक क्लिक की दूरी पर मिले।”
टीम ने बताया कि वे फिलहाल अलग-अलग क्षेत्रों के अनुभवी कृषि विशेषज्ञों से सीधा संपर्क करना चाहते हैं, ताकि मंच शुरू होने से पहले ही उन्हें जोड़ा जा सके। कोई भी कृषि, बागवानी, पशुपालन या संबंधित क्षेत्र का विशेषज्ञ जो अधिक किसानों तक अपनी पहुंच बढ़ाना चाहता है, वह अपना नाम, विशेषज्ञता और जिला लिखकर “Hi” व्हाट्सएप नंबर 7738783230 पर भेज सकता है।
कृषि मित्र (Krishi Mitra Pvt Ltd) की टीम इन दिनों कृषि सलाहकारों और विशेषज्ञों की सूची तैयार कर रही है।


