PM आवास योजना में फर्जीवाडा करने वाले रोजगार सहायक को जिला पंचायत सीईओ ने बर्खास्त कर दिया है। मनरेगा में फर्जी हाजिरी के जरिए डेढ लाख रुपये हडपने वाले रोजगार सहायक से रिकवरी की तैयारी शुरू कर दी है।
छत्तीसगढ़/बिलासपुर (समाचार मित्र) केंद्र सरकार की अति महत्वाकांक्षी योजना प्रधानमंत्री आवास में गड़बड़ी के आरोप में यह कार्रवाई की गई है। रोजगार सहायक पर पीएम आवास योजना के तहत पत्नी को आवास दिलाने का गंभीर आरोप लगा है। छत्तीसगढ़ बिलासपूर जिले के ग्राम पंचायत कोनचरा के ग्राम रोजगार सहायक राजेंदर पटेल को बर्खास्त कर दिया है।
रोजगार सहायक ने अपनी पत्नी के नाम पर प्रधानमंत्री आवास की राशि निकाल ली। इसके अलावा मनरेगा में काम कराए बिना फर्जी हाजिरी दर्ज कर मजदूरी भुगतान करने का आरोप भी सही पाया गया। जांच में 1 लाख 43 हजार 490 रुपए की वित्तीय अनियमितता सामने आरई है। शोकॉज नोटिस और अंतिम सनवाई का अवसर देने के बावजूद संतोषजनक जवाब अथवा बचाव में साक्ष्य प्रस्तुत नहीं करने पर उनकी सेवा समाप्त कर दी गई है।
जनपद पंचायत कोटा के अंतर्गत ग्राम कोनचरा में रोजगार सहायक पर वित्तीय अनियिमतता का आरोप सिद्ध होने पर सेवा समाप्ति की कार्रवाई की गई है। शिकायत के आधार पर इस मामले की जांच की गर्ड। जांच में ग्राम रोजगार सहायक राजेंद्र पटेल के खिलाफ 1.43.490 रुपए वित्तीय अनियमितता सामने आई। रोजगार सहायक पर आरोप है., प्रधानमंत्री आवास योजना ग्रामीण के तहत पत्नी के नाम 1 लाख 20 हजार रुपए की राशि और मनरेगा में बिना कार्य कराए 23 हजार 490 रुपए मजदरी भूगतान दिखाकर राशि हड़प ली।

