जांजगीर-चांपा (समाचार मित्र) जिले के बलौदा ब्लॉक अंतर्गत ग्राम महुदा (च) में द्वारिका प्रसाद साहू द्वारा कथित तौर पर बिना मान्य चिकित्सकीय डिग्री के मरीजों का इलाज किए जाने का मामला सामने आया है। आरोप है कि संबंधित व्यक्ति द्वारा मरीजों को चिकित्सकीय सेवाएं देने के साथ-साथ ड्रिप और इंजेक्शन भी लगाए जा रहे हैं, जबकि उसकी चिकित्सा संबंधी वैध योग्यता को लेकर सवाल उठ रहे हैं।
ग्रामीणों के बीच इस मामले को लेकर चर्चा है कि यदि संबंधित व्यक्ति के पास मरीजों के उपचार के लिए आवश्यक वैध चिकित्सकीय योग्यता एवं अनुमति नहीं है, तो इस प्रकार उपचार करना गंभीर विषय हो सकता है। खासकर इंजेक्शन और ड्रिप लगाने जैसी प्रक्रियाओं में लापरवाही मरीज के स्वास्थ्य के लिए जोखिम पैदा कर सकती है।
मरीजों की सुरक्षा को लेकर उठे सवाल
बिना उचित चिकित्सकीय योग्यता के किसी व्यक्ति द्वारा दवा, इंजेक्शन या ड्रिप दिए जाने की स्थिति में गलत दवा, गलत मात्रा अथवा उपचार संबंधी गलती से मरीज को नुकसान होने की आशंका रहती है। ऐसे में ग्रामीणों ने संबंधित विभाग से मामले की जांच कर वास्तविक चिकित्सकीय योग्यता, पंजीयन एवं उपचार करने की वैधता की जांच करने की मांग की है।
ग्रामीणों का कहना है कि यदि जांच में आरोप सही पाए जाते हैं तो संबंधित व्यक्ति के विरुद्ध नियमानुसार कार्रवाई की जानी चाहिए, ताकि क्षेत्र में मरीजों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके।
अब देखना होगा कि स्वास्थ्य विभाग इस मामले का संज्ञान लेकर मौके पर जांच करता है या नहीं और जांच के बाद द्वारिका प्रसाद साहू द्वारा उपचार किए जाने की वैधता को लेकर स्थिति स्पष्ट होती है या नहीं।
नोट: इस खबर में लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि आवश्यक है। संबंधित व्यक्ति या स्वास्थ्य विभाग का पक्ष मिलने पर उसे भी खबर में प्रमुखता से शामिल किया जाना चाहिए।
मामले की निष्पक्ष जांच जरूरी !
स्थानीय लोगों का कहना है कि द्वारिका प्रसाद साहू के पास इलाज करने, इंजेक्शन लगाने एवं ड्रिप चढ़ाने के लिए आवश्यक वैध पंजीयन और चिकित्सकीय योग्यता है या नहीं।
अब देखना होगा कि स्वास्थ्य विभाग अब खबर चलने पर क्या कार्रवाई करता है।
नोट: इस खबर में लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि आवश्यक है। संबंधित व्यक्ति या स्वास्थ्य विभाग का पक्ष मिलने पर उसे भी खबर में प्रमुखता से शामिल किया जाएगा।


