बिलासपुर (समाचार मित्र) नवीन शासकीय महाविद्यालय बेलतरा, जिला बिलासपुर में 1 सितंबर 2026 को नवप्रवेशी छात्र-छात्राओं के स्वागत हेतु भव्य एवं आत्मीय स्वागत समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का आयोजन महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ. दीपशिखा शुक्ला के संरक्षण एवं मार्गदर्शन में किया गया। समारोह का उद्देश्य नवप्रवेशी विद्यार्थियों को महाविद्यालयीन वातावरण से परिचित कराना, उनमें आत्मीयता एवं अपनत्व की भावना विकसित करना तथा वरिष्ठ एवं कनिष्ठ विद्यार्थियों के मध्य सौहार्दपूर्ण संबंध स्थापित करना था।

कार्यक्रम में प्राचार्य डॉ. दीपशिखा शुक्ला के साथ डॉ. शिवदयाल पटेल, सहायक प्राध्यापक हिंदी, डॉ. देवेंद्र साहू, सहायक प्राध्यापक राजनीति शास्त्र, डॉ. श्रुतिदेव गवास्कर, सहायक प्राध्यापक इतिहास, सुश्री सत्यवती, सहायक प्राध्यापक जंतुविज्ञान, अतिथि व्याख्याता डॉ. मनोज कुमार पांडेय, अनिमेष गुप्ता, रसायन शास्त्र एवं उदयन पटेल, अंग्रेजी उपस्थित रहे। कार्यालयीन स्टाफ से मुक्ता वैष्णव, प्रकाश, राहुल एवं दीपक सहित महाविद्यालय के छात्र-छात्राओं की सहभागिता रही।
नवप्रवेशी विद्यार्थियों का स्वागत
स्वागत समारोह में बी.ए. प्रथम सेमेस्टर के फुलेश्वरी, मंजू, रामनिहोरा कश्यप, राधिका यादव, गंगा सोनवानी, किरण धीवर, श्यामा साहू, देवव्रत यादव, सुरेंद्र कुमार, चंद्रप्रकाश डिक्सेना, गिरवर, तरुण, किरन एवं प्राची धीवर का स्वागत किया गया।
इसी प्रकार बी.एससी. प्रथम सेमेस्टर के प्रियांशी कोरी, स्नेहा, योगिता श्रोते, दिशा मरावी, रागिनी यादव, मोनिका साहू, गंगा साहू, सागर भारती, दया सागर सूर्यवंशी, संस्कार कश्यप, आदर्श कश्यप, काजल मरावी, अर्चना मरकाम, स्वाति मरकाम, कामिनी साहू, साफिया बानो, आशिका सूर्यवंशी एवं हिमल जायसवाल तथा बी.कॉम. प्रथम सेमेस्टर के नरेश, कोमल सिंह एवं श्याम का भी आत्मीय स्वागत किया गया।
वरिष्ठ विद्यार्थियों ने किया नवप्रवेशियों का स्वागत
वरिष्ठ विद्यार्थियों ने भी नवप्रवेशी छात्र-छात्राओं का उत्साहपूर्वक स्वागत किया। बी.ए. पंचम सेमेस्टर से सत्या, दिलेश्वरी, अलीशा, गायत्री, रागिनी, गोपाल, मनोरमा, चंद्रशेखर, पूनम, सुरेखा एवं श्रद्धा, बी.एससी. पंचम सेमेस्टर से चंचल, ममता, पूजा, शालिनी, अमिशा एवं खुशबू, बी.ए. तृतीय सेमेस्टर से संध्या, प्रीति, सारिका, करन एवं अनिता तथा बी.एससी. तृतीय सेमेस्टर से खुशी, कुसुम, रुचि, प्रभा, प्रतिभा, कौशिल्या एवं रजनी ने नवप्रवेशी विद्यार्थियों का स्वागत किया।
अतिथियों ने विद्यार्थियों को दिया प्रेरक संदेश
समारोह को संबोधित करते हुए प्राचार्य डॉ. दीपशिखा शुक्ला ने नवप्रवेशी विद्यार्थियों का महाविद्यालय परिवार में स्वागत करते हुए कहा कि महाविद्यालय केवल पाठ्यक्रम की पढ़ाई का केंद्र नहीं, बल्कि विद्यार्थियों के व्यक्तित्व निर्माण, संस्कार, अनुशासन, प्रतिभा एवं नेतृत्व क्षमता के विकास का महत्वपूर्ण मंच है। उन्होंने विद्यार्थियों को नियमित अध्ययन, अनुशासन और सकारात्मक सोच के साथ महाविद्यालयीन जीवन का लाभ उठाने के लिए प्रेरित किया।
डॉ. शिवदयाल पटेल, सहायक प्राध्यापक हिंदी ने विद्यार्थियों का स्वागत करते हुए कहा कि महाविद्यालय जीवन सीखने, स्वयं को पहचानने और अपने भविष्य की दिशा निर्धारित करने का महत्वपूर्ण अवसर है। उन्होंने विद्यार्थियों को साहित्य, संस्कृति एवं भारतीय जीवन-मूल्यों से जुड़कर अपने व्यक्तित्व को समृद्ध करने तथा अपनी प्रतिभा को रचनात्मक गतिविधियों के माध्यम से अभिव्यक्त करने के लिए प्रेरित किया।
डॉ. देवेंद्र साहू, सहायक प्राध्यापक राजनीति शास्त्र ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि एक जिम्मेदार नागरिक के निर्माण में उच्च शिक्षा की महत्वपूर्ण भूमिका है। उन्होंने विद्यार्थियों से लोकतांत्रिक मूल्यों, संविधान के आदर्शों और अपने सामाजिक दायित्वों के प्रति जागरूक रहने का आह्वान किया।
डॉ. श्रुतिदेव गवास्कर, सहायक प्राध्यापक इतिहास ने कहा कि विद्यार्थी अपने इतिहास, संस्कृति और विरासत से परिचित होकर वर्तमान को बेहतर ढंग से समझ सकते हैं तथा उज्ज्वल भविष्य का निर्माण कर सकते हैं। उन्होंने विद्यार्थियों को निरंतर अध्ययन एवं जिज्ञासु प्रवृत्ति बनाए रखने की प्रेरणा दी।
सुश्री सत्यवती, सहायक प्राध्यापक जंतुविज्ञान ने नवप्रवेशी विद्यार्थियों का स्वागत करते हुए कहा कि विज्ञान के विद्यार्थियों में जिज्ञासा, प्रयोगधर्मिता और तार्किक सोच का विकास आवश्यक है। उन्होंने विद्यार्थियों को नियमित अध्ययन के साथ व्यावहारिक ज्ञान प्राप्त करने के लिए प्रेरित किया।
अतिथि व्याख्याता डॉ. मनोज कुमार पांडेय ने कहा कि महाविद्यालय में प्रवेश जीवन के नए अध्याय की शुरुआत है। विद्यार्थियों को अपने लक्ष्य निर्धारित कर समय का सदुपयोग करते हुए निरंतर आगे बढ़ना चाहिए।
अनिमेष गुप्ता, रसायन शास्त्र ने विद्यार्थियों को शुभकामनाएँ देते हुए कहा कि शिक्षा के साथ-साथ विद्यार्थियों में वैज्ञानिक दृष्टिकोण और नवाचार की भावना विकसित होना आवश्यक है। उन्होंने विद्यार्थियों को प्रत्येक अवसर का सकारात्मक उपयोग करने की प्रेरणा दी।
उदयन पटेल, अंग्रेजी ने नवप्रवेशी विद्यार्थियों का स्वागत करते हुए कहा कि भाषा ज्ञान विद्यार्थियों के व्यक्तित्व एवं संप्रेषण क्षमता को मजबूत करता है। उन्होंने विद्यार्थियों को आत्मविश्वास के साथ अपनी बात रखने तथा निरंतर सीखते रहने के लिए प्रेरित किया।
खेल एवं सांस्कृतिक गतिविधियों ने बढ़ाया उत्साह
स्वागत समारोह में विद्यार्थियों द्वारा विभिन्न सांस्कृतिक कार्यक्रम प्रस्तुत किए गए, जिनसे समारोह का वातावरण उल्लास एवं उत्साह से भर गया। विद्यार्थियों के मनोरंजन एवं सहभागिता के लिए ‘गेस द सॉन्ग’ तथा ‘पास द बैलून’ गेम का आयोजन भी किया गया। इन खेलों की एंकरिंग खुशी एवं कुसुम ने उत्साहपूर्ण ढंग से की। पास द बैलून गेम में कोमल ने प्रथम स्थान प्राप्त किया।
कार्यक्रम का सफल एवं रोचक संचालन वरिष्ठ छात्र चंद्रशेखर ने किया। समारोह में नवप्रवेशी एवं वरिष्ठ विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता करते हुए एक-दूसरे से परिचय प्राप्त किया और महाविद्यालयीन जीवन को यादगार बनाने का संकल्प लिया।
अंत में सभी नवप्रवेशी छात्र-छात्राओं का महाविद्यालय परिवार की ओर से स्वागत करते हुए उनके उज्ज्वल शैक्षणिक एवं सुखद भविष्य की शुभकामनाएँ दी गईं। समारोह सौहार्द, उत्साह और आत्मीयता के वातावरण में संपन्न हुआ।

