
निमेश कुमार राठौर (प्रधान संपादक)
कोरबा (समाचार मित्र) राज्य शासन ने धान खरीदी की लिमिट फिर बढा दी है। इसके साथ ही कोरबा जिले में प्रतिदिन 70 हजार क्विंटल से बढकर खरीदी का आंकडा 88 हजार क्विंटल हो गया है। लिमिट बढ़ाए जाने से एकदिन में अधिक से अधिक किसान धान बिक्री कर सकेंगे। उपार्जन केंद्रों में अब तक 12 लाख क्विंटल से भी अधिक धान की खरीदी हो चुका है। खरीफ वर्ष 2025-26 में 30 लाख क्विंटल खरीदी का अनुमान है।

जिले के 65 धान उपार्जन केंदों में किसानों से धान की खरीदी की जा रही है। धान उपार्ज़न के में आने वाली समस्या को देखते हुए इस बार उठाव में शासन ने खरीदी की लिमिट निधारित कर दी है। शासन द्वारा समर्थन मूल्य पर धान खरीदी केलए किसान लिमिट बढाने की मांग कर रहे थे सहूलियत देते हुए शासन ने इसे स्वीकृति देदी है धान खरीदी केंद्रों में जिला प्रशासन द्वारा किसाने की उपज खरीदी के लिए आनलाइन टोकन वितरण, बारदाने की उपलब्धता, इलेक्ट्रानक तौल मशीन से तौलाईं, शीघ्रता से भुगतान अदायकि की समुचित ‘ व्यवस्था की गई है। जिले में 52 हजार से अधिक किसान धान विक्रय के लिए पंजीकृत है। जिला प्रशासन द्वारा समितियों से धान का उठाव भी शीघ्रता से कराया जा रहा है। जिले में अबतक 8 लाख “22 हजार 484 क्विटल धान का उठाव हो चुका है। जिला प्रशासन द्वार हाथी प्रभावित क्षेत्रौं व संवदेनशील धान खरीदी केंद्रों से प्राथमिकता से धान का उठाव किया जहा है। जिससे किसानों को धान बेचने में परेशान न हो। साथ ही किसानों की सविधा को ध्यान मैंखते हए संग्रहण कंद्रों की व्यवस्था व समितियेमें धान की स्टैकिंग कराकर स्थान बनाया गया है लिमिट में धान खरीदी की वजह इस वर्ष बीते वर्ष की तुलना में धान उठाव की स्थिति बेहतर है।
किसान पोर्टल पर पंजीयन व विवरण की समय सीमा बढ़ी !
कृषि विकास व किसान कल्याण विभाग द्वारा किसानों की सुविधा को ध्यान में रखते हुए एकीकृत किसान पोर्टल पर पंजीयन व विवरण संशोधन की प्रक्रिया को लेकर तिथि बढ़ा दी है। किसानों को अब 7 जनवरी तक समय दिए जाने का निर्णय लिया गया है। 15 दिसंबर तक केसीसी, ई-ऋण, वन पट्टेदारी किसानों सहित अन्य श्रेणी के किसानों के पंजीयन का प्रावधान सम्बंधित समिति लॉगिन के मध्यान से किया जाना है।
