
कोरबा (समाचार मित्र) करतला जनपद अंतर्गत रोजगार गारंटी योजना में बड़े पैमाने पर हुए भ्रष्टाचार की जांच के बाद विभाग ने बड़ा एक्शन लेना शुरू कर दिया है। मनरेगा के तहत ग्राम बेहरचुआ में पक्का फर्श और कोटना निर्माण के नाम पर चल रहा भ्रष्टाचार आखिर उजागर हो गया है। फर्जी जियो-टैगिंग, गलत निर्माण स्थल दिखाने और लगभग 15 निर्माण कार्य बिना किए ही राशि आहरण करने के गंभीर आरोपों में ग्राम पंचायत बेहरचुआ की रोजगार सहायक राजनंदनी महंत की सेवा समाप्त कर दी गई है।
लगातार खबरें और शिकायतें सामने आने के बाद मामला कलेक्टर अजीत बसंत के संज्ञान में पहुंचा, जिसके बाद जांच कर दोषी पाए जाने वाली रोजगार सहायक पर कार्यवाही किया गया है।
करतला जनपद पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी द्वारा जारी आदेश के मुताबिक, एमजी नरेगा के तहत हुए कार्यों की पड़ताल में रोजगार सहायक वित्तीय अनियमितता की दोषी पाई गईं। धारा 27(2) के प्रावधानों के तहत एक माह के मानदेय सहित सेवा समाप्ति की कार्रवाई की गई है। आदेश तत्काल प्रभाव से लागू है।






