खनिज विभाग का कार्यवाही के नाम पर खानापूर्ति, बड़े रेत माफिया छोड़ पकड़ रहे ट्रैक्टर चालक, झींका (मोहरा) में बड़े मशीनों से अवैध रेत उत्खनन जारी !

कोरबा (समाचार मित्र) बड़े रेत माफिया को संरक्षण देकर ट्रैक्टर चालकों पर कार्यवाही कर वाहवाही लूटने वाले खनिज विभाग के अधिकारी जिले सहित शासन में बैठे सत्ताधारियों का नाम खराब करने में लगे है। पंचायतों को दिए जा रहे रेत घाट का दुरुपयोग जमकर किया जा रहा है। ज्यादातर स्थानों पर पंचायत के स्थान पर रेत माफियाओं एवं ठेकदारों ने पंचायत के रेत घाटों पर कब्जा कर लिया है। ऐसा एक मामला जोगीपाली (कनकी) में प्रकाश आया जहां एक्सावेटर जैसे मशीनों से खुलेआम हसदेव नदी का सीना चीरकर बिना रॉयल्टी रेत उत्खनन किया जा रहा था। यही नहीं जोगीपाली (कनकी) के नाम से संचालित रेत घाट में मोहरा पंचायत के भूमि से रेम बनाकर अवैध उत्खनन किया जा रहा है। मामले की सूचना मिलते ही खनिज विभाग के अधिकारियों ने रेत पट्टेदारी के दुरूपयोग के आरोप में रेत घाट को बंद कर दिया था जिसे फिर शुरू कर दिया गया है और बड़े बड़े मशीनों से नदी का सीना चीरकर रेत परिवहन किया जा रहा है। हैरानी की बात है कि कलेक्टर के आदेश के बावजूद अभितक रेत घाट में न तो सीमा तय किया गया है और न ही किसी नियम का पालन किया जा रहा है। नियमों को ताक पर रखकर अवैध रेत उत्खनन धड़ल्ले से जारी है।
कार्यवाही के नाम पर खानापूर्ति, बड़े ठेकदारों को छोड़ महज ट्रैक्टर चालकों को पकड़कर लूट रहे वाहवाही !
कोरबा खनिज विभाग के अधिकारियों ने हालही में 34 से ज्यादा ट्रैक्टर चालकों पर अवैध परिवहन करने के आरोप में कार्यवाही की है परंतु इस कार्यवाही पर सवालिया निशाल खड़े हो रहे है। अवैध रेत परिवहन करने वालों पर तो विभाग ने कार्यवाही कर दी परंतु खुलेआम अवैध उत्खनन करने वाले बड़े रसूखदारों पर कब कार्यवाही होगा ? खनिज विभाग के संरक्षण में झिंका (मोहरा) में बड़े बड़े मशीनों पर अवैध उत्खनन और परिवहन किया जा रहा है जिसपर खनिज विभाग मेहरबान है और आंखे मूंदकर रखी है।